CBSE Board Big News: आपको बता दें कि सीबीएसई की तरफ से दसवीं बोर्ड परीक्षा को लेकर बहुत बड़ा नया नियम लागू करके गए हैं आपको बता दें कि साल 2026 से सीबीएसई कक्षा दसवीं बोर्ड परीक्षा साल में दो बार आयोजित करवाने वाली है।

परीक्षा में शामिल होने वाले सभी उम्मीदवारों को हमारी तरफ से यह जानकारी दी जा रही है कि पहली परीक्षा सभी छात्रों के लिए अनिवार्य कर दी गई है जबकि दूसरी परीक्षा छात्रों के लिए पूरी तरह से वैकल्पिक ही रखी गई है अगर आप लोग भी इसी से संबंधित अधिक जानकारी प्राप्त करना चाहते हैं तो एक बार हमारे इस आर्टिकल को पूरा जरूर पढ़ें।
CBSE Board Big News
देश के सबसे बड़े शिक्षा बोर्ड सीबीएसई की तरफ से स्कूली छात्रों के लिए बहुत बड़ा नया ऐलान कर दिया है साल 2026 में आयोजित होने वाली कक्षा दसवीं की बोर्ड परीक्षाओं को साल में दो बार करवाने का फैसला लिया गया है आपको बता दें कि बोर्ड के परीक्षा नियंत्रण की तरफ से आधिकारिक पुष्टि की गई है कि सीबीएसई आने वाले साल से कक्षा दसवीं की परीक्षाओं को साल में दो बार आयोजित करेगा।
पहली परीक्षा को मुख्य रूप से सभी छात्रों की देने वाली कर दिया गया है और दूसरी परीक्षा सभी छात्रों के लिए वैकल्पिक रखी गई है इसी से संबंधित अधिक जानकारी पूरा आर्टिकल पढ़ने पर ही मिलेगी।
नंबर सुधारने का छात्रों का मिलेगा मौका
सीबीएसई के छात्रों के लिए बहुत बड़ी खुशखबरी सामने आ चुकी है इसने फैसले के साथ ही सीबीएसई के छात्र विज्ञान गणित और सामाजिक विज्ञान और अन्य सभी भाषाओं के अंकों में सुधार कर पाएंगे क्योंकि सीबीएसई बोर्ड की तरफ से फैसला लिया गया है कि कक्षा दसवीं की परीक्षाओं का आयोजन हर साल दो चरणों में आयोजित होगा।
पहली परीक्षा फरवरी में आयोजित होगी जिसका रिजल्ट अप्रैल महीने में जारी किया जाएगा और दूसरी परीक्षा नोटिफिकेशन के अनुसार आयोजित करवाई जाएगी इससे बच्चों को पता चल जाएगा कि उनके कितने अंक आ रहे हैं उसके बाद बच्चे अगली परीक्षा के लिए अच्छी सी तैयारी करेंगे और वह अपने अंकों में सुधार कर पाएंगे।
प्रस्ताव को मिली मंजूरी
बोर्ड की तरफ से प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई है अब अगले साल यानी 2026 में बोर्ड परीक्षाएं साल में दो बार आयोजित करवाई जाएगी सभी छात्राओं और अभिभावकों को यह सूचित किया जाता है कि वह शुरुआत चाहिए पढ़ाई को मजबूत रखें आपको बता दें कि बोर्ड की तरफ से साल में दो बार परीक्षा का आयोजन होगा।
जिसमें नीति का ड्राफ्ट फरवरी में सार्वजनिक किया जाएगा और सभी स्टेट होल्डर से इससे संबंधित सुझाव भी मांगे जाएंगे और औपचारिक मंजूरी मिलने के बाद इस प्रस्ताव को पूरे देश भर में लागू कर दिया जाएगा।